रायपुर | 03 जनवरी 2026 रायगढ़ जिले के तमनार क्षेत्र में हुई हिंसक घटना को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश महिला कांग्रेस ने भारतीय जनता पार्टी की सरकार पर सीधा और तीखा हमला बोला है। महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद फूलोदेवी नेताम ने तमनार में महिला टीआई और महिला आरक्षक के साथ हुई घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसे भाजपा सरकार की नाकामी करार दिया।

फूलोदेवी नेताम ने कहा कि तमनार के गारे पेलमा सेक्टर-1 में जिंदल स्टील को ओपन कास्ट कोल माइंस आवंटन के खिलाफ स्थानीय ग्रामीण, आदिवासी और प्रभावित 14 गांवों के लोग लंबे समय से विरोध कर रहे हैं। 8 दिसंबर को आयोजित जनसुनवाई के बावजूद सरकार ने जनता की आवाज़ को अनसुना किया। ग्रामीणों का स्पष्ट कहना है कि कोयला उत्खनन से खेती, जंगल, जल और पर्यावरण पूरी तरह नष्ट हो जाएंगे, इसलिए वे अपनी पुश्तैनी जमीन देने को तैयार नहीं हैं।

महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि आंदोलन शुरू होने के बाद सरकार या प्रशासन का कोई भी जिम्मेदार अधिकारी संवाद के लिए आगे नहीं आया, जिससे हालात बेकाबू होते चले गए। परिणामस्वरूप प्रदेश में अराजकता का माहौल बन गया है और कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।

फूलोदेवी नेताम ने कहा,

“आंदोलनकारियों पर लाठीचार्ज दुखद है, लेकिन महिला पुलिस कर्मियों के साथ जो हृदयविदारक घटना घटी, वह और भी ज्यादा शर्मनाक है। भाजपा सरकार में प्रदेश की कानून व्यवस्था ICU में है।”

उन्होंने भाजपा की डबल इंजन सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि जल, जंगल और जमीन को सिर्फ पूंजीपतियों के लिए सुरक्षित किया जा रहा है। जो भी जनता अपने हक की आवाज़ उठाती है, उसे डराया, धमकाया और कुचला जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि आंदोलनकारियों को बड़ी गाड़ियों से कुचलने तक की साजिशें की जा रही हैं, जिनके कारण एक आंदोलनकारी की मौत भी हुई — जिसकी जिम्मेदारी सीधे तौर पर भाजपा सरकार की है।

फूलोदेवी नेताम ने सवाल उठाया कि

“जब भाजपा सरकार में महिला टीआई और महिला आरक्षक सुरक्षित नहीं हैं, तो आम महिलाओं की सुरक्षा की कल्पना कैसे की जा सकती है?”

महिला कांग्रेस ने तमनार घटना की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई और आंदोलनकारियों से तत्काल संवाद की मांग की है।

वंदना राजपूत

प्रवक्ता

छत्तीसगढ़ प्रदेश महिला कांग्रेस

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